IIT बॉम्बे के देवेंद्र सिंह चपलोट ने जॉइन की Elon Musk की xAI, जानिए AI वैज्ञानिक का पूरा प्रोफाइल

हाल ही में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में एक नाम तेजी से चर्चा में आया है — Devendra Singh Chaplot। खबर सामने आई कि IIT बॉम्बे के पूर्व छात्र Devendra Singh Chaplot ने एलन मस्क की कंपनी xAI जॉइन की है, जिसके बाद टेक इंडस्ट्री और सोशल मीडिया पर लोग जानना चाहते हैं कि देवेंद्र सिंह चपलोट कौन हैं

Devendra Singh Chaplot एक भारतीय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) शोधकर्ता, मशीन लर्निंग विशेषज्ञ और रोबोटिक्स वैज्ञानिक हैं। उन्होंने IIT बॉम्बे से कंप्यूटर साइंस की पढ़ाई की और बाद में अमेरिका की प्रतिष्ठित Carnegie Mellon University से मशीन लर्निंग में पीएचडी की। कई बड़ी टेक कंपनियों और रिसर्च लैब में काम करने के बाद अब उन्होंने एलन मस्क की AI कंपनी xAI और SpaceX के साथ जुड़कर सुपरइंटेलिजेंस बनाने की दिशा में काम शुरू किया है।


Devendra Singh Chaplot का परिवार और शुरुआती जीवन

देवेंद्र सिंह चपलोट के परिवार के बारे में सार्वजनिक रूप से बहुत अधिक जानकारी उपलब्ध नहीं है, क्योंकि वे अपनी निजी जिंदगी को काफी निजी रखना पसंद करते हैं। हालांकि इतना जरूर माना जाता है कि उनका पालन-पोषण भारत में हुआ और उनका परिवार शिक्षा को काफी महत्व देता था।

भारत में किसी छात्र का IIT जैसी प्रतिष्ठित संस्था में प्रवेश पाना आसान नहीं होता। इसके लिए कई वर्षों की मेहनत, अनुशासन और मजबूत शैक्षणिक पृष्ठभूमि की जरूरत होती है। देवेंद्र सिंह चपलोट ने भी अपने शुरुआती जीवन में पढ़ाई पर विशेष ध्यान दिया और कठिन प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की।

उनकी मेहनत का परिणाम तब सामने आया जब उन्होंने भारत की सबसे कठिन इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा IIT-JEE में ऑल इंडिया रैंक (AIR) 25 हासिल की। यह उपलब्धि उन्हें देश के सबसे प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग संस्थानों में से एक IIT बॉम्बे तक ले गई।


शिक्षा: IIT बॉम्बे से Carnegie Mellon तक का सफर

अगर यह समझना हो कि देवेंद्र सिंह चपलोट कौन हैं, तो उनकी शैक्षणिक यात्रा को समझना बेहद जरूरी है।

IIT-JEE में शानदार रैंक हासिल करने के बाद उन्होंने IIT बॉम्बे में कंप्यूटर साइंस में दाखिला लिया। IIT बॉम्बे भारत के शीर्ष तकनीकी संस्थानों में से एक है और यहां से पढ़ने वाले कई छात्र दुनिया की बड़ी टेक कंपनियों और रिसर्च संस्थानों में काम करते हैं।

IIT बॉम्बे में पढ़ाई के दौरान देवेंद्र सिंह चपलोट की रुचि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग और रोबोटिक्स की ओर बढ़ी। यही रुचि आगे चलकर उनके करियर की दिशा बन गई।

ग्रेजुएशन के बाद वे उच्च शिक्षा के लिए अमेरिका गए और Carnegie Mellon University (CMU) में दाखिला लिया। CMU दुनिया की अग्रणी यूनिवर्सिटियों में से एक है, खासकर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग के क्षेत्र में।

यहां से उन्होंने Machine Learning में PhD पूरी की। अपने शोध के दौरान उन्होंने एक महत्वपूर्ण समस्या पर काम किया — AI सिस्टम को इस तरह विकसित करना कि वे वास्तविक दुनिया में समझदारी से चल-फिर सकें और निर्णय ले सकें।


Devendra Singh Chaplot का करियर

Devendra Singh Chaplot AI शोधकर्ता और IIT बॉम्बे के पूर्व छात्र जिन्होंने Elon Musk की xAI जॉइन की|
IIT बॉम्बे के AI वैज्ञानिक देवेंद्र सिंह चपलोट अब Elon Musk की कंपनी xAI में सुपरइंटेलिजेंस प्रोजेक्ट पर काम करेंगे।

देवेंद्र सिंह चपलोट ने अपने करियर में दुनिया की कई बड़ी टेक कंपनियों और रिसर्च लैब में काम किया है। उनका काम मुख्य रूप से मशीन लर्निंग, कंप्यूटर विज़न और रोबोटिक्स से जुड़ा रहा है।

सैमसंग में शुरुआती अनुभव

PhD के दौरान ही उन्हें अंतरराष्ट्रीय अनुभव मिला। उन्होंने Samsung Electronics के मुख्यालय (दक्षिण कोरिया) में लगभग एक साल काम किया। यहां उन्होंने मशीन लर्निंग और कंप्यूटर विज़न से जुड़े प्रोजेक्ट्स पर काम किया।

Facebook AI Research (FAIR)

इसके बाद देवेंद्र सिंह चपलोट ने Facebook AI Research (FAIR) में रिसर्च साइंटिस्ट के रूप में काम किया। FAIR दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित AI रिसर्च लैब में से एक है।

यहां उन्होंने करीब पांच साल तक काम किया और ऐसे AI सिस्टम विकसित किए जो जटिल वातावरण में नेविगेशन कर सकें।

उनके नेतृत्व में कई अंतरराष्ट्रीय AI प्रतियोगिताओं में बड़ी सफलता मिली, जैसे:

  • CVPR 2019 PointNav Challenge

  • CVPR 2020 ObjectNav Challenge

  • NeurIPS 2022 Rearrangement Habitat Challenge

  • Visual Doom AI Competition 2017

इन प्रतियोगिताओं में जीतने से उनकी पहचान एक मजबूत AI शोधकर्ता के रूप में स्थापित हुई।

Mistral AI और Thinking Machines Lab

FAIR के बाद देवेंद्र सिंह चपलोट ने Mistral AI नामक फ्रांसीसी AI स्टार्टअप जॉइन किया। यह कंपनी तेजी से उभर रही है और इसे यूरोप का OpenAI कहा जाता है।

वह कंपनी की शुरुआती टीम का हिस्सा थे और नए AI मॉडल बनाने में योगदान दिया।

इसके बाद उन्होंने Thinking Machines Lab (TML) में काम किया, जहां उन्होंने बड़े AI मॉडल और डीप लर्निंग तकनीकों पर शोध जारी रखा।


ताजा खबर: Devendra Singh Chaplot ने xAI और SpaceX जॉइन किया

हाल ही में सबसे बड़ी खबर सामने आई कि IIT बॉम्बे के पूर्व छात्र देवेंद्र सिंह चपलोट ने एलन मस्क की कंपनी xAI और SpaceX जॉइन की है

उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर इस बात की जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि वे एलन मस्क और उनकी टीम के साथ मिलकर सुपरइंटेलिजेंस बनाने पर काम करेंगे

उन्होंने यह भी कहा कि SpaceX और xAI का सहयोग डिजिटल और फिजिकल इंटेलिजेंस को एक साथ लाने का अवसर देता है। जहां xAI उन्नत AI मॉडल विकसित कर रही है, वहीं SpaceX हार्डवेयर और स्पेस टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में काम कर रही है।


एलन मस्क ने किया स्वागत

देवेंद्र सिंह चपलोट की इस घोषणा के बाद एलन मस्क ने खुद उन्हें स्वागत संदेश भेजा।

उन्होंने X पर लिखा:

“Welcome to @xAI!”

यह संदेश टेक इंडस्ट्री में तेजी से वायरल हो गया और इससे यह संकेत मिला कि xAI में चपलोट की भूमिका काफी महत्वपूर्ण हो सकती है।


निष्कर्ष

आज जब लोग इंटरनेट पर यह खोज रहे हैं कि देवेंद्र सिंह चपलोट कौन हैं, तो उनका सफर कई युवा इंजीनियरों और शोधकर्ताओं के लिए प्रेरणा बन चुका है।

IIT-JEE में AIR 25 हासिल करने से लेकर Carnegie Mellon University से PhD तक, और फिर Facebook AI Research, Mistral AI और Thinking Machines Lab में काम करने के बाद अब उन्होंने एलन मस्क की कंपनी xAI जॉइन की है।

यह खबर कि IIT बॉम्बे के पूर्व छात्र देवेंद्र सिंह चपलोट xAI में सुपरइंटेलिजेंस बनाने के लिए शामिल हुए हैं, यह दिखाती है कि भारतीय प्रतिभा आज वैश्विक तकनीकी विकास में कितनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।

आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि xAI और SpaceX के साथ मिलकर देवेंद्र सिंह चपलोट आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में कौन से नए बदलाव लेकर आते हैं।

Author

  • Tanisha Bali

    I'm a content writer at Desi Talks, where I share stories, news, and ideas that connect with the Desi community.

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